क्षेत्रीय भाषाओं के संवर्धन को मोदी सरकार सर्वोच्च प्राथमिकता देती है: जितेंद्र सिंह
जम्मू{ गहरी खोज }: केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने सोमवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार क्षेत्रीय भाषाओं के संवर्धन को उच्च प्राथमिकता देती है और उन्होंने कहा कि यह डोगरी भाषा के लिए अपनी विरासत को साकार करने का सबसे अच्छा समय है। उन्होंने जेन ज़ी के डोगरा बच्चों तक पहुंच बनाने का सुझाव दिया और डिजिटल मंचों तथा आधुनिक उपकरणों के माध्यम से डोगरी भाषा को बढ़ावा देने की सलाह दी।
डोगरी मान्यता दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लेते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि किसी भाषा को जीवित रखने और उसकी विरासत को आगे बढ़ाने में भाषाई गौरव की भावना सबसे महत्वपूर्ण होती है।
जितेंद्र सिंह ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में यह डोगरी के लिए अपनी विरासत को साकार करने और उसे अगली पीढ़ी तक पहुंचाने का सबसे उपयुक्त समय है, ताकि यह भारत की विकास गाथा का अभिन्न हिस्सा बन सके। मोदी सरकार सभी क्षेत्रीय भाषाओं के संवर्धन को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है।” उन्होंने कहा कि किसी भाषा को बनाए रखने में सरकारी संरक्षण आवश्यक है, लेकिन इसके साथ ही नागरिक समाज की भागीदारी भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।
लोगों से डोगरी संस्कृति, भाषा और सांस्कृतिक धरोहर पर गर्व करने का आह्वान करते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भाषा केवल संवाद का माध्यम नहीं, बल्कि संस्कृति और पहचान का मूल आधार है। जितेंद्र सिंह ने बताया कि सरकार देशभर में विविध सांस्कृतिक पहलों को लगातार प्रोत्साहित कर रही है, जिनमें क्षेत्रीय भाषाओं पर विशेष जोर दिया जा रहा है, और लोगों से इन प्रयासों का लाभ उठाकर सांस्कृतिक विरासत और भाषाई संरक्षण को मजबूत करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, “सरकार कल्याण के लिए काम करती है, लेकिन समाज को भी इसकी जिम्मेदारी लेनी होगी,” और जोड़ा कि स्थानीय समुदायों, नागरिक समाज और अन्य हितधारकों को सांस्कृतिक जड़ों को मजबूत करने के लिए मिलकर काम करना चाहिए।
