एलपीजी सिलेंडर बुकिंग के बाद इंतजार करें, वितरणकर्ताओं के यहां लाइन लगाने से बचेंः सरकार

0
20260312307f

नई दिल्ली{ गहरी खोज }: केंद्र सरकार ने लोगों से अपील की है कि लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (एलपीजी) सिलेंडर की बुकिंग के बाद इंतजार करें और वितरणकर्ताओं के यहां लाइन लगाने से बचें। वर्तमान में एलपीजी की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है लेकिन घरेलू उपभोक्ताओं को पर्याप्त वितरण सुनिश्चित किया जा रहा है। वहीं बुकिंग के लिए अब 93 प्रतिशत लोग ऑनलाइन तरीकों का इस्तेमाल कर रहे हैं। सरकार ने लोगों से अफवाहों पर विश्वास नहीं करने और गैस का उचित उपयोग करने को कहा है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भले ही कीमतें बढ़ रही हों, फिलहाल भारत में डीजल-पेट्रोल की कीमतों में कोई इजाफा नहीं होगा।
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बुधवार को राष्ट्रीय मीडिया केन्द्र में आयोजित पत्रकार वार्ता में बताया कि कच्चे तेल की उपलब्धता पर्याप्त बनी हुई है और रिफाइनरियां पूरी क्षमता से काम कर रही है। घरेलू एलपीजी उत्पादन में लगभग 40 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। खुदरा दुकानों पर पेट्रोल और डीजल की कमी की कोई खबर नहीं है और पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त भंडार उपलब्ध है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बताया कि तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों, विशेषकर छात्रों के लिए, आर्मेनिया और अज़रबैजान की भूमि सीमा से यात्रा करने के संबंध में एक सलाह जारी की है। नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे सुगम सीमा पार आवागमन के लिए अपनी सुविधानुसार इस सलाह का पालन करें।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान से पश्चिम एशिया की स्थिति पर चर्चा की। उन्होंने संयुक्त अरब अमीरात पर हुए हमलों की कड़ी निंदा की, जिनमें निर्दोष लोगों की जान गई और नागरिक बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा। दोनों नेताओं ने होर्मुज जलडमरूमध्य में सुरक्षित और निर्बाध आवागमन सुनिश्चित करने पर जोर दिया और शांति, सुरक्षा एवं स्थिरता की शीघ्र बहाली के लिए मिलकर काम करने पर सहमति व्यक्त की।
बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय में विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने बताया कि सभी भारतीय पोत सुरक्षित हैं और कोई घटना दर्ज नहीं की गई है। पिछले 24 घंटों में विभिन्न बंदरगाहों से साइन-ऑफ के बाद 25 भारतीय नागरिकों को स्वदेश वापस भेजा गया। 24×7 नियंत्रण कक्ष ने 125 कॉल और लगभग 450 ईमेल संभाले, जिनका तुरंत समाधान किया गया। एलपीजी वाहक शिवालिक और नंदा देवी आवश्यकतानुसार माल उतार रहे हैं। विशाखापत्तनम बंदरगाह पर अतिरिक्त 2,500 वर्ग मीटर स्थान से संचालन में सहायता मिल रही है। किसी भी बंदरगाह पर भीड़भाड़ की सूचना नहीं है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *