महाशिवरात्रि पर्व पर अत्याधुनिक ड्रोन और सीसीटीवी से होगी महाकाल मंदिर की निगरानी
उज्जैन{ गहरी खोज }: मध्य प्रदेश के उज्जैन स्थित श्री महाकालेश्वर मंदिर में महाशिवरात्रि पर्व की तैयारी अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को लेकर एडीजी राकेश गुप्ता विशेष रूप से चिंतित हैं। एक समय उज्जैन में एसपी,डीआईजी और फिर आईजी रह चुके तथा पुन: रैंज के आईजी बनकर लौटे गुप्ता ने पुलिस अधिकारियों से महाशिवरात्रि परिप्रेक्ष्य में दर्शन व्यवस्था, वीआईपी मुवमेंट, यातायात एवं भीड़ प्रबंधन पर फिडबेक ले रहे हैं।
महाशिवरात्रि पर्व पर महाकाल मंदिर मेें 15 और 16 फरवरी को करीब 10 लाख श्रद्धालुओं के उज्जैन आने की संभावना है। यह संख्या पिछले अनुभवों के आधार पर बढ़ सकती है। 15 फरवरी को तडक़े भस्मार्ती होने के पश्चात मंदिर के पट सतत 44 घण्टे तक दर्शन के लिए 16 फरवरी की दोपहर की भस्मार्ती पूर्व तक आमजन के लिए खुले रहेंगे। 16 फरवरी को दोपहर में वर्ष में एक बार होनेवाली भस्मार्ती होगी। हालांकि इसमें विशिष्टजनों को ही शामिल करने की परंपरा सी मंदिर प्रबंध समिति ने बना ली है।
ऐसे में 15 एवं 16 फरवरी को मंदिर में दर्शन के लिए आम श्रद्धालुओं के अलावा वीआयपी एवं वीवीआयपी मूवमेंट भी रहेगा। इनमें से कई महाशिवरात्रि पर्व पर दर्शन करने आएंगे तो अनेक विशिष्टजन 16 फरवरी को दोपहर की भस्मार्ती में शािमल होने आएंगे। इन सभी की व्यवस्था के साथ मंदिर क्षेत्र में उपस्थित 1 से 2 लाख भक्तों की भीड़ प्रबंधन व्यवस्था भी समान्तर रूप से पुलिस विभाग को करना होगी। इन सारे बिंदुओं को लेकर सोमवार को एडीजी राकेश गुप्ता पुलिस नियंत्रण कक्ष पर बैठक का एक दौर पूरा कर चुके हैं। समीक्षा बेठक में उनके साथ डीआईजी नवनीत भसीन, एसपी प्रदीप शर्मा सहित जिले के सभी वरिष्ठ पुलिस अधिकारी उपस्थित रहे।
डेढ़ हजार से अधिक पुलिस बल रहेगा तैनातइस संबंध में एसपी प्रदीप शर्मा ने गुरुवार को बताया कि इस वर्ष महाशिवरात्रि पर्व के दोनों दिन मंदिर के अंदर, महाकाल महालोक और मंदिर के बाहर की व्यवस्था के लिए करीब उेढ़ हजार पुलिस बल को तैनात किया जाएगा,जिसमें अधिकारी एवं पुलिसकर्मी शामिल हैं। यह पुलिस बल मंदिर परिसर के साथ ही शहर की यातायात व्यवस्था के लिए प्रमुख मार्गों पर तैनात किया जाएगा। इसमें से 250 पुलिसकर्मी विशेष रूप से वीआईपी व्यवस्था संभालेंगे। महिला श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए करीब 150 महिला सुरक्षाकर्मी के साथ सादी वर्दी में भी पुलिस बल तैनात किया जाएगा।
कंट्रोल रूम से रखी जाएगी निगरानीएडीजी राकेश गुप्ता के अनुसार मंदिर के अंदर और बाहर कतारों में श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। इसके लिए 200 से अधिक अत्याधुनिक सीसीटीवी कैमरे, 5 ड्रोन कैमरे पूरे क्षेत्र की चौतरफा निगरानी रखेंगे। किसी भी संदिग्ध स्थिति पर या संदिग्ध व्यक्ति दिखने पर तत्काल कार्रवाई के लिए पुलिस बल अलग से तैनात किया जाएगा। सीसीटीवी के लिए एक कंट्रोल रूम में बनाया जा रहा है। जहां से भीड़ और गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जाएगी।
