शंकरगढ़ में 10 मवेशियों के साथ क्रूरता का मामला, झारखंड के पांच आरोपित गिरफ्तार

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बलरामपुर{ गहरी खोज }:जिले में मवेशियों के अवैध परिवहन और उनके साथ की जा रही क्रूरता के मामलों पर पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में थाना शंकरगढ़ पुलिस ने 10 मवेशियों को मारते-पीटते ले जाने के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए झारखंड निवासी पांच आरोपितों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपितों के कब्जे से 10 नग मवेशी जब्त कर कानूनी प्रक्रिया शुरू की है।
पुलिस से प्राप्त आज गुरुवार को विज्ञप्ति के अनुसार, 03 फरवरी को हिन्दू युवा मंच के कार्यकर्ताओं द्वारा थाना शंकरगढ़ में सूचना दी गई कि कुछ व्यक्ति मवेशियों को मारते-पीटते हुए भागवतपुर की ओर ले जा रहे हैं। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची, जहां भागवतपुर मोड़ के पास कुछ व्यक्तियों द्वारा मवेशियों को प्रताड़ित करते हुए ले जाते देखा गया।
मौके पर पूछताछ के दौरान आरोपितों ने स्वयं को कुसमी क्षेत्र का निवासी बताते हुए मवेशियों को घरेलू कार्य के लिए ले जाने की बात कही। जब मौजूद ग्रामीणों ने मवेशियों की खरीद-बिक्री से संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा, तो कोई वैध कागजात नहीं दिखा सके। इसी दौरान कुछ आरोपि‍त मौके से भागने का प्रयास करने लगे, जिन्हें ग्रामीणों और पुलिस स्टाफ की मदद से घेराबंदी कर पकड़ लिया गया।
पूछताछ में आरोपितों ने मवेशियों को कटिंग के लिए ले जाना स्वीकार किया। इसके बाद पुलिस द्वारा धारा 94 बीएनएसएस के तहत नोटिस देकर मवेशियों की खरीद-बिक्री से संबंधित दस्तावेज मांगे गए, लेकिन आरोपित कोई भी वैध कागजात प्रस्तुत नहीं कर सके।
पुलिस ने आरोपित विजय मिंज, विरेंद्र तिर्की, रोहित तिर्की, समित तिर्की, सभी निवासी ग्राम उचडीह, थाना रायडीह, जिला गुमला (झारखंड) तथा करमा उरांव निवासी ग्राम मलई, थाना पालकोट, जिला गुमला (झारखंड) के विरुद्ध अपराध क्रमांक 19/2026 के तहत छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 एवं पशु क्रूरता निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11(1)(घ) के तहत मामला पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है।
जांच के दौरान गवाहों के कथन, घटना स्थल निरीक्षण और जब्ती के आधार पर आरोपितों के विरुद्ध अपराध प्रमाणित पाए जाने पर उन्हें आज गुरुवार को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा जा रहा है। पुलिस ने जब्त किए गए मवेशियों को सुरक्षित संरक्षण में रखने की कार्रवाई भी सुनिश्चित की है।

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