रांची झारखंड में जल्द शहरी निकाय चुनाव, मेयर पद को लेकर झामुमो–कांग्रेस में तकरार के आसार
रांची{ गहरी खोज } : झारखंड में लंबे अंतराल के बाद जल्द ही शहरी निकाय चुनाव होने वाले हैं। भले ही यह चुनाव दलीय आधार पर नहीं हो रहा हो, लेकिन सभी राजनीतिक दल अपने समर्थकों को मेयर, डिप्टी मेयर और वार्ड पार्षद पदों पर जीताने की तैयारी में जुट गए हैं। इसी बीच, रांची मेयर पद को लेकर सत्तारूढ़ झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) और कांग्रेस के बीच मतभेद उभरने के संकेत मिल रहे हैं। झारखंड महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष एवं रांची की पूर्व मेयर रमा खलखो ने एक बार फिर मेयर पद से चुनाव लड़ने की इच्छा सार्वजनिक कर दी है। पार्टी के कई नेताओं द्वारा भी उनकी उम्मीदवारी का समर्थन किया जा रहा है। दूसरी ओर, झामुमो नेताओं ने रमा खलखो को मेयर उम्मीदवार बताने की खबरों को मीडिया की “कल्पना” बताते हुए कहा कि पार्टी रांची नगर निगम क्षेत्र में अपने “समान चिंतन वाले” कार्यकर्ता को उम्मीदवार बनाएगी।
“रांची मेयर के लिए हमारा दावा और तैयारी पूरी” — रमा खलखो
रमा खलखो ने कहा कि रांची की जनता ने उनके पिछले कार्यकाल को देखा है और अब फिर से जनता और समर्थक उन्हें प्रत्याशी के रूप में देखना चाहते हैं। उन्होंने कहा, “यह चुनाव भले दलीय आधार पर नहीं हो रहा, लेकिन पार्टी मंच पर हमने अपनी दावेदारी स्पष्ट कर दी है।”
“अभी तक तालमेल की कोई बात नहीं हुई है” — कांग्रेस
झारखंड कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता जगदीश साहू ने कहा कि रमा खलखो एक अनुभवी और योग्य उम्मीदवार हैं। “उनके कार्यकाल में रांची शहर में कई सकारात्मक परिवर्तन हुए थे। जहां तक सहयोगी दलों के साथ तालमेल की बात है, इस पर अंतिम निर्णय प्रदेश अध्यक्ष और प्रभारी द्वारा लिया जाएगा,” उन्होंने कहा।
“शहरी निकाय चुनाव हमारी प्राथमिकता में है” — झामुमो
झारखंड मुक्ति मोर्चा के केंद्रीय महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि पार्टी अब ग्रामीण इलाकों के साथ-साथ शहरी क्षेत्रों में भी अपनी पकड़ मजबूत करने पर फोकस कर रही है। उन्होंने बताया कि झामुमो नेतृत्व ने सभी शहरी निकाय क्षेत्र के पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे ऊर्जावान और सक्रिय कार्यकर्ताओं को आगे लाएं भट्टाचार्य ने कहा, “पार्टी की सोच के प्रति समर्पित कार्यकर्ता ही मेयर बने — इसके लिए संगठन स्तर पर तैयारी शुरू कर दी गई है।
