लखीमपुर खीरी में अंतरा सबक्यूटेनिअस इंजेक्शन का शुभारंभ, परिवार नियोजन को मिलेगा बढ़ावा
सीएमओ की उपस्थिति में लगा जनपद का पहला अंतरा सबक्यूटेनिअस इंजेक्शन
महिलाओं के लिए सुरक्षित, सरल और प्रभावी विकल्प साबित होगा नया इंजेक्शन : सीएमओ
लखीमपुर खीरी{ गहरी खोज }: उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी में परिवार नियोजन सेवाओं को और सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से अंतरा सबक्यूटेनिअस इंजेक्शन का बुधवार को शुभारंभ किया गया। जिला महिला चिकित्सालय में आयोजित कार्यक्रम में जिले का पहला इंजेक्शन गाइनेकोलॉजिस्ट डॉ शिवानी शर्मा ने लगाया। कार्यक्रम का उद्घाटन डॉ संतोष गुप्ता ने फीता काटकर किया। इस अवसर पर डॉ अमित कुमार गुप्ता, डॉ प्रमोद वर्मा तथा फैमिली प्लानिंग मैनेजर पद्माकर त्रिपाठी भी मौजूद रहे।
सीएमओ डॉ संतोष गुप्ता ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार जनपद के तीन केंद्रों पर इस नई सुविधा की शुरुआत की गई है। जिला महिला चिकित्सालय के साथ ही सीएचसी फरधान और सीएचसी नकहा में भी कार्यक्रम शुरू किया गया है। सीएचसी फरधान में अधीक्षक अमित बाजपेई, एमएच कंसलटेंट लल्ला सिंह की उपस्थिति में कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ प्रमोद वर्मा की उपस्थिति हुआ। वहीं सीएचसी नकहा में डीपीएम अनिल यादव व अधीक्षक डॉ रामू वर्मा के नेतृत्व में इसका शुभारंभ किया गया।
सीएमओ ने बताया कि अंतरा सबक्यूटेनिअस इंजेक्शन महिलाओं के लिए एक सुरक्षित, आसान और प्रभावी गर्भनिरोधक विकल्प है। इसे त्वचा के नीचे लगाया जाता है, जिससे इसे लगाना पहले की तुलना में अधिक सरल हो गया है। यह इंजेक्शन तीन महीने तक गर्भधारण से सुरक्षा प्रदान करता है और महिलाओं को बार-बार दवा लेने की आवश्यकता नहीं होती।
उन्होंने बताया कि इस नए विकल्प को लाने के पीछे शासन की मंशा है कि परिवार नियोजन सेवाओं को अधिक सुलभ बनाया जाए, खासकर ग्रामीण व दूरदराज क्षेत्रों की महिलाओं के लिए। इससे मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार के साथ-साथ अनियोजित गर्भधारण की समस्या को भी कम किया जा सकेगा।
सीएमएस डॉ अमित कुमार गुप्ता ने बताया कि अस्पताल में महिलाओं की काउंसलिंग की जा रही है, ताकि उन्हें इस इंजेक्शन के फायदे और उपयोग की पूरी जानकारी मिल सके। उन्होंने स्पष्ट किया कि जो महिलाएं पहले से पारंपरिक अंतरा इंजेक्शन ले रही हैं, उन्हें नया इंजेक्शन नहीं लगाया जाएगा। जबकि जिन महिलाओं को नया सबक्यूटेनिअस इंजेक्शन दिया जाएगा, उन्हें पुराना वाला नहीं दिया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि इस नई पहल से परिवार नियोजन कार्यक्रम को और मजबूती मिलेगी तथा महिलाओं को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी। इस दौरान डॉ अंजली वर्मा, हॉस्पिटल मैनेजर शिप्रा वर्मा, हेल्प डेस्क मैनेजर सुष्मिता वर्मा, फैमिली प्लानिंग काउंसलर शिखा कश्यप, एएफएचसी काउंसलर दीपमाला, एसटीआई काउंसलर प्रियंका अवस्थी, पीपीटीसीटी काउंसलर सोनम सक्सेना, एएनएम आरती वर्मा, रश्मि सक्सेना, मधू, लोकेश सिंह व अजीत वर्मा सहित आदि अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।
