अंतरराज्यीय वाहन चोरी गिरोह का भंडाफोड़, 11 लग्जरी कारें बरामद
नई दिल्ली{ गहरी खोज }: दक्षिण-पूर्वी जिला की एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड ने देशभर में सक्रिय वाहन चोरी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके कब्जे और निशानदेही पर अलग-अलग राज्यों से 11 चोरी की लग्जरी गाड़ियां बरामद की हैं, जिनमें फॉर्च्यूनर, क्रेटा, ब्रेजा और अन्य महंगी कारें शामिल हैं। पुलिस के अनुसार यह गिरोह चोरी और लोन डिफॉल्ट वाहनों के चेसिस नंबर से छेड़छाड़ कर, टोटल लॉस वाहनों के चेसिस नंबर का दुरुपयोग करते हुए फर्जी दस्तावेजों के आधार पर उनका पंजीकरण कराता था। इसके बाद इन गाड़ियों को सस्ते दामों पर भोले-भाले खरीदारों को बेच दिया जाता था।
दक्षिण-पूर्वी जिले के पुलिस उपायुक्त डाॅ. हेमंत तिवारी ने शनिवार को बताया कि मामले की शुरुआत 28 दिसंबर 2025 को थाना जामिया नगर में दर्ज एक ई-एफआईआर से हुई। जिसमें एक मारुति एस-प्रेसो कार चोरी होने की शिकायत मिली थी। जांच के दौरान पुलिस को संगठित गिरोह के सक्रिय होने की जानकारी मिली। जिसके बाद मामले की जांच एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड को सौंपी गई। तकनीकी और गोपनीय सूचना के आधार पर मुंबई के बांद्रा निवासी कुनाल सुभाष जायसवाल (23) को गिरफ्तार किया गया, जो गिरोह का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है। उसके पास से दिल्ली से चोरी की गई एक हुंडई क्रेटा बरामद की गई।
पूछताछ में मिले सुरागों पर पुलिस टीम ने मुंबई के धारावी इलाके से मोहम्मद अमान (25) को दबोचा, जो सेकेंड हैंड कारों का कारोबार करता था। आगे की कार्रवाई में महाराष्ट्र के पुणे, कोल्हापुर और जलना सहित अन्य स्थानों से कई चोरी की गाड़ियां बरामद की गईं। इसके बाद 20 जनवरी 2026 को मुख्य वाहन चोर काशिफ, निवासी बुलंदशहर (उप्र), को भी गिरफ्तार कर लिया गया। जिसके पास से एक चोरी की वैगन-आर कार मिली। जांच में सामने आया है कि आरोपित दिल्ली से वाहन चोरी कर महाराष्ट्र भेजते थे, जहां उनके चेसिस नंबर बदलकर फर्जी कागजात तैयार किए जाते थे। अब तक पुलिस ने कुल 11 हाईएंड चोरी की गाड़ियां बरामद कर ली हैं। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है और आगे और वाहनों की बरामदगी की संभावना जताई जा रही है।
